Atal Bihari Vajpayee biography in hindi,अटल विहारी बायोग्राफी इन हिंदी

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Atal Bihari Vajpayee biography in hindi अटल बिहारी बाजपेई ने अपनी आखिरी सांस 5:05 पर एम्स में ली थी अटल बिहारी वाजपेई की मृत्यु 16 अगस्त 2018 को हुई थी और तब उनकी उम्र 93 वर्ष थी अटल बिहारी भारत के पहले गैर कांग्रेसी प्रधानमंत्री रहे थे अटल बिहारी ने 1999 से 2004 तक भारत के बीजेपी की तरफ से प्रधानमंत्री रहे थे और यह इतिहास में पहली बार हुआ था जब कोई अलग पार्टी का प्रधानमंत्री बना हो अटल बिहारी बाजपेई ने आजादी के लिए भी लड़ाई लड़ी है उनका जन्म 1924 में हुआ था और वह अंग्रेजो की नीतियों के अगेंस्ट कई बार जेल भी गए हैं

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  • नाम अटल विहारी वाजपेयी 
  • जन्म स्थान ग्वालियर, मध्यप्रदेश
  • जन्म 25 दिसम्बर 1924
  • मृत्यु 16 अगस्त 2018
  • विवाह नहीं हुआ
  • माता-पिता कृष्णा देवी, कृष्णा बिहारी वाजपेयी
  • राजनैतिक पार्टी भारतीय जनता पार्टी
  • निधन ( Death) 16 अगस्त2018
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अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिवस को आज भी सुशासन दिवस के रूप में मनाया जाता है अटल बिहारी बाजपेई ने भारतीय जनता पार्टी की स्थापना  की थी जो कि उस टाइम भारतीय जनसंघ पार्टी थी दोस्तों हम इस Atal Bihari Vajpayee biography in hindi अटल बिहारी के बारे में सारी जानकारी देंगे

अटल बिहारी बाजपेई शुरुवाती जीवन  atal bihari vajpayee starting lifestory

अटल बिहारी बाजपेई एक देशभक्त नेता थे और वह महात्मा गांधी के साथ भारत छोड़ो आंदोलन में कई बार जेल भी गए हैं और उन्होंने भारत के लिए कई बार यातनाएं झेली हैं अटल बिहारी वाजपेई देश के तीन बार प्रधानमंत्री रहे थे लेकिन सबसे सफल 1999 से 2004 तक ही रहे हैं अटल बिहारी वाजपेई भारत की संसद में पांच दशकों तक सक्रिय नेता रहे हैं और उन्होंने भारत के लिए बहुत कुछ किया है जो कि एक प्रधानमंत्री के तौर पर आज तक किसी ने नहीं किया है

अटल बिहारी बाजपेई बीजेपी के साथ-साथ कांग्रेस के नेताओं की भी पहली पसंद थे और उनका कहना था कि भारत एक जीता जागता राष्ट्रपुरुष है भारत कोई देश नहीं है वह कहते थे कि सरकारें आएंगी और जाएंगी लेकिन देश नहीं जाना चाहिए देश की संप्रभुता नहीं जानी चाहिए

अटल बिहारी बाजपेई तीन बार प्रधानमंत्री atal bihari vajpayee teen baar pradhanmantri

अटल बिहारी  राजनीति के अलावा एक कवि भी थे अटल बिहारी बाजपेई देश के तीन बार प्रधानमंत्री बने पहली बार प्रधानमंत्री बने तब उनका कार्यकाल मात्र 13 दिन तक रहा इसके बाद उनकी सरकार गिर गई  जब अटल बिहारी दूसरी बार प्रधानमंत्री बने थे तब बाह 1 साल के लिए बने थे इसके बाद तीसरी बार प्रधानमंत्री 1999 में बने और इस बार इन्होंने पूरे 5 साल पूरी की है अटल बिहारी वाजपेई ने यूएस ए जनरल असेंबली में अपनी मातृभाषा हिंदी में भाषण दिए थे अटल बिहारी को हिंदी भाषा से बहुत प्यार था और उन्होंने अपनी सारी रचनाये र्हिदी भाषा में ही की हैं

अटल बिहारी बाजपेई जन्म स्थान और फैमिली atal bihari vajpayee birthplace and family

अटल बिहारी बाजपेई का जन्म स्थान मध्य प्रदेश के गवालियर में हुआ था अटल बिहारी बाजपेई 7 भाई-बहन थे अटल बिहारी के पिता एक स्कूल टीचर थे अटल बिहारी ने शुरुआती पढ़ाई सरस्वती स्कूल से की है इसके बाद उन्होंने अपनी ग्रेजुएशन लक्ष्मीबाई कॉलेज से की है

अटल बिहारी बाजपेई करियर atal bihari vajpayee starting career

अटल जी ने अपने करियर की शुरुआत सन 1942 से की थी 1942 में भारत छोड़ो आंदोलन चलाया जा रहा था उस समय उनकी मुलाकात भारतीय जनसंघ पार्टी जो अभी की भारतीय जनता पार्टी है उनके अध्यक्ष श्यामा प्रसाद मुखर्जी से हुई थी और इन दोनों की सांठगांठ काफी अच्छी रही और इनसे ही अटल बिहारी ने दांव पेच सीखे थे लेकिन श्यामा प्रसाद मुखर्जी का स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता था जिसके बाद उनकी मृत्यु हो गई और सारी जिम्मेदारी अटल बिहारी के हाथ में आ गई लेकिन इन्होंने इस पार्टी का विस्तार पूरे देश में किया था

अटल जी की कुछ उपलब्धियां atal bihari vajpayee

अटल जी को 1954 में बलरामपुर से मेंबर ऑफ पार्लियामेंट बनाए गए थे अटल बिहारी उस टाइम जवान थे और उनकी सोच समझ के कारण भारत की राजनीति में उनका काफी आदर व सम्मान होता था

दीनदयाल उपाध्याय की मृत्यु 1968 में हो गई थी जिसके बाद भारतीय जनसंघ पार्टी जो किया भारतीय जनता पार्टी है उस की बागडोर अटल बिहारी वाजपेई के साथ मिलकर ही आगे बढ़ाई है

जब 1979 में मोरारजी देसाई की मृत्यु हो गई थी तब अटल जी ने भारतीय जनसंघ पार्टी को संभाला था और तब के लालकृष्ण आडवाणी के साथ मिलकर भारतीय जनसंघ पार्टी से भारतीय जनता पार्टी बनाई और अटल बिहारी वाजपेई को भारतीय जनता पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष भी चुना गया था और 5 साल तक वह  पार्टी के अध्यक्ष भी रहे थे

1984 में भारतीय जनता पार्टी को मात्र 2 सीटें मिली थी जिसके बाद अटल जी ने काफी मेहनत करी और अपना जी जान लगा दिया और इसका परिणाम उन्हें 1989 में देखने को मिला जब बीजेपी 2 सीट से सीधे 88 सीट पर पहुंच गई थी

1995 में अटल बिहारी वाजपेई को विपक्ष का लीडर चुना गया था और 1993 में अटल बिहारी वाजपेई संसद में विपक्ष के लीडर के तौर पर बैठे थे

अटल बिहारी बाजपेई ने ही सन् 2001 में सर्व शिक्षा अभियान चालू किया था

अटल बिहारी बाजपेई ने 2005 में राजनीति से अलविदा कह दिया और इसके बाद  चुनाव नहीं लड़े और 2009 के चुनाव में अटल बिहारी वाजपेई ने हिस्सा नहीं लिया था

अटल बिहारी बाजपेई मृत्यु atal bihari vajpayee death

अटल बिहारी वाजपेई ने अपनी अंतिम सांस दिल्ली के एम्स में ली थी उनकी मृत्यु 16 अगस्त 2018 को हुई थी डॉक्टरों ने बताया कि उन्हें निमोनिया था जिसके कारण उनके शरीर का काम करना बंद कर दिया था

अटल बिहारी वाजपेई की मृत्यु हुई तब उनकी उम्र 93 साल थी

जब अटल बिहारी वाजपेई की मृत्यु हुई थी तब 7 दिन के लिए राष्ट्रीय शोक घोषित किया गया था और यह राष्ट्रीय शोक 16 अगस्त 2018 से 22 अगस्त 2018 तक चला था राष्ट्रीय शोक में भारत के झंडे को झुका दिया जाता है और सारे कार्य काल जो सरकारी होते हैं उन्हें उस समय के लिए बाध्य कर दिया जाता है

अटल बिहारी तीन बार प्रधानमंत्री  atal bihari vajpayee teen baar pradhanmantri

अटल बिहारी तीन बार प्रधानमंत्री बने थे पहली बार उनकी सरकार 13 दिन तक चली थी दूसरी बार उनकी सरकार 13 महीने तक चली थी और तीसरी बार अटल बिहारी की सरकार पूरे 5 साल चली थी उनकी सरकार 1999 से 2004 तक चली थी

अटल बिहारी बाजपेई के सुविचार जो हर इंसान को अपनी जिंदगी में लागू करना चाहिए

मैं हिंदू परंपरा में गर्व महसूस करता हूं लेकिन मुझे भारतीय परंपरा में और ज्यादा गर्व है अटल बिहारी बाजपेई

क्या हार में क्या जीत में किंचित नहीं भयभीत मैं कल तक पद पर जो भी मिला यह भी सही वह भी सही बलिदान नहीं मांगूंगा हो कुछ पर हार नहीं मानूंगा

इंसान बनो केवल नाम से नहीं रूप से नहीं शक्ल से नहीं  बुद्धि से साकार से ज्ञान से

छोटे मन से कोई बड़ा नहीं होता और टूटे मन से कोई खड़ा नहीं होता

पड़ोसी कहते हैं कि एक हाथ से ताली नहीं बजती लेकिन अटल बिहारी वाजपेई कहते हैं कि एक हादसे चुटकी तो बज  सकती है

Atal Bihari Vajpayee biography in hindi,पब्लिक की राय 

दोस्तों हमने इस Atal Bihari Vajpayee biography in hindi में अटल बिहारी के बारे में सब कुछ बताया है अगर आपको हमारे द्वारा लिखी गई बायोग्राफी अच्छी लगती है तो अपने दोस्तों के साथ शेयर करें और हमें कमेंट करके जरूर बताएं कि आपकोAtal Bihari Vajpayee biography in hindi  कैसी लगी

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